Monday, 13 April 2020

आग का दरिया

तुम मेरे इतना करीब मत आओ... जल जाओगे...
मै आग का दरिया हूं...तुम खांक हो जाओगे...
मेरी खामोशियों को तुम... कमज़ोरी मत समझना...
दिल में इतना समंदर भरा है कि... किनारे पे ही डूब जाओगे...

आशीष गुप्ता...

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तुम्हें शायद कभी एहसास न हो... लेकिन मेरी ज़िंदगी की सबसे खूबसूरत आदत तुम हो... जब दुनिया की भागदौड़ मुझे थका देती है... तो तुम्हारा ख़याल.....