Friday, 7 August 2020

फना हो जाऊं....

काश मै बारिश की बूंद ही होता तुझे भिगोता और ख़ुद ही भीग जाता...
तुम्हारे होंठों को छूता और तेरे इश्क़ में फनाह हो जाता....

आशीष गुप्ता...

No comments:

Post a Comment

तुम करोगे इश्क़... तब समझोगे... मोहब्बत क्या चीज़ होती है... हमने किया तो एहसास हुआ... ख़ुद बर्बाद करने की सज़ा क्या होती है.... आशीष