एक पल का नहीं आराम मुझे... बताओ मैं क्या करूं...
सोचता हूं भूल जाऊं तुझे हमेशा के लिए...
लेकिन भूलते ही तेरी याद आ जाती है...बताओं मैं क्या करूं...
आशीष...
तुम्हें शायद कभी एहसास न हो... लेकिन मेरी ज़िंदगी की सबसे खूबसूरत आदत तुम हो... जब दुनिया की भागदौड़ मुझे थका देती है... तो तुम्हारा ख़याल.....
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