पंद्रह बरस बीत गए... मौसम भी कई बदल गए...
पर आपके चेहरे का नूर आज भी वही है....
कुछ लोग वक़्त के साथ बदल जाते हैं...
और कुछ वक़्त को बदलने पर मजबूर कर देते हैं...
तुम्हें देखकर हमेशा यही महसूस होता है कि
पंद्रह साल पहले जितनी खूबसूरत थीं, आज भी उतनी ही हो...
तुम्हारी खूबसूरती सिर्फ़ चेहरे में नहीं...
तुम्हारे सलीके...तुम्हारी मुस्कान और तुम्हारी सादगी में भी है...
शायद इसी वजह से वक़्त भी तुम्हारे सामने हार मान गया....
और अपनी रफ़्तार का असर तुम पर छोड़ नहीं पाया...
सच कहूँ...
तुम्हें देखकर कभी यह एहसास ही नहीं होता
कि इतने साल बीत चुके हैं...
कुछ चेहरे उम्र के साथ बदल जाते हैं...
लेकिन कुछ चेहरे याद बनकर नहीं... मिसाल बनकर रह जाते हैं...
तुम उन्हीं चुनिंदा लोगों में से हो...
जिनकी खूबसूरती किसी समय की मोहताज नहीं होती....
कहते हैं...वक़्त हर चीज़ बदल देता है...
चेहरे...आदतें...एहसास… सब कुछ...
लेकिन तुम्हें देखकर यह बात अधूरी-सी लगती है...
पंद्रह साल पहले जैसी मुस्कान थी...
वैसी ही आज भी है...
वही सादगी...वही अपनापन...
और वही ख़ूबसूरती...जो पहली नज़र में नहीं...
धीरे-धीरे दिल में उतरती है...
शायद असली ख़ूबसूरती वही होती है...
जिस पर वक़्त का कोई असर नहीं पड़ता...
आज भी तुम्हें देखकर यही लगता है कि
कुछ चीज़ें उम्र से नहीं...
अपने किरदार से ख़ूबसूरत होती हैं...
और तुम...
उन ख़ूबसूरत लोगों में से हो...
जिन्हें देखकर हमेशा एक ही बात दिल में आती है...
कुछ लोग सच में साल नहीं गिनते....
बस हर गुज़रते साल के साथ और भी ख़ास होते जाते हैं....
ये तारीफ़ सिर्फ़ तुम्हारी खूबसूरती की नहीं...
उस ख़ूबसूरत शख़्सियत की भी है...जो इतने सालों बाद भी वैसी ही है...
कुछ लोग उम्र के साथ बड़े होते हैं...
और कुछ लोग वक़्त के साथ और भी ख़ूबसूरत हो जाते हैं… शायद तुम उन्हीं में से एक हो....
आशीष...
No comments:
Post a Comment