Sunday, 9 June 2019

हर लम्हा ठहर सा जाता है तेरे आने के बाद...
वो चांद भी शरमा सा जाता है तुझे देखने के बाद...
बनाने वालो ने भी तुझे क्या सोच के बनाया होगा...
मेरी धड़कन भी रुक सा जाता है तेरा नाम लेने के बाद...

आशीष गुप्ता....



ये सूरज चांद तारें  भी..यही फरियाद करते हैं...
सलामत तू रहे हरदम...दुआ हर बार करते हैं...

वो ख़ुशबू है तुम्हारे में...जो फूलों में नहीं होती...
महक जाती है रूह मेरी...तेरा जब नाम लेते  हैं...

मेरे दिल के लिफाफें में...तेरी तस्वीर रखी है...
जो फेरूं रेत पे उंगली...तेरी तस्वीर दिखती है...

में पागल हूं या आशिक़ हूं, मुझे कोई तो बतलाए...

सुबह जब आईना देखूं...तेरी तस्वीर दिखती है...

तेरी आवाज़ सुनता हूं...में इतना डूब जाता हूं...
तेरे होंठों को जब चुमू...में शहद सा हो ही जाता हूं...

तेरे आंखों के दरिया में है आंसू की लहर इतनी...

जो गिरते एक भी आंसू...कसम से भीग जाता हूं...

आशीष गुप्ता...

Saturday, 18 May 2019

Friend Request...




मैं मीडिया में काम करता हूं...

हैदराबाद शहर में...नवाबों के शहर में....

यह शहर मेरे लिए नया था, और अजनबी भी था...
मुझसे किसी ने कहा था कि वो शहर अजनबी है लोग भी अजनबी होंगे...
पहली बार आया इस अजनबी शहर मे ...इस याद शहर मे...शहर भी नया था...लोग भी नए थे...मंजिल भी नया था...रास्ता भी नया था...
कुछ डरा सा भी था...कुछ सहमा सा भी था...
कुछ दिन बीतें...कुछ रांते बीती...
कुछ सपने देखें...कुछ अपने देखें...
उन्ही अपनो से हिम्मत भी मिली... उन्हीं अपनो से खुशी भी मिली...
मुझे नही मालूम था कि ये याद शहर भी कुछ ऐसे दोस्तो से भी मिला देगी जिनकी मिशाल शब्दों से नही किया जा सकता...
बस उनका साथ हमेशा बना रहे...
हर अजनबी शहर में अपने भी होते हैं...
जहां दोस्त अच्छे होते हैं वो शहर अजनबी नही होता...
और अपने तो बस अपने होते हैं....

अजनबी शहर और अजनबी दोस्त कब अपने बन जाते हैं मालूम ही नहीं पड़ता...
और जो अपने होतें है कब अजनबी बन जाए ये भी मालूम नहीं पड़ता...
ये जो रिश्तों की डोर होती है ना, इसे कितना मजबूत करना है ये हमारे ऊपर निर्भर करता है....

और कहते हैं ना कि रिश्ते ऊपर वाले बनाते हैं....

शायद ये सही है...

पर मुझे लगता है कभी-कभी कुछ रिश्ते फेसबुक भी बनाते हैं...

हां ये बिल्कुल सही है...

बैठा था उदास ज़िन्दगी के सफ़र में...
सोचा था कि कोई कारवां मिल जाए...
मेरे सपनों को जो कर दे हक़ीक़त...
ऐसा कोई नज़ारा मिल जाए...
जो मिटा दे मेरी खामोशियों को मुझसे ही एक पल लिए...
रब करे मुझे उस तिनके का सहारा मिल जाए...

फिर क्या...
अचानक से फेसबुक में घंटी बजती है,
और सामने एक request वो भी एक लड़की का...

पहले सोचा कि शायद कोई मज़ाक कर रहा है....

लेकिन नहीं ये तो हक़ीक़त था...

प्रोफाइल देखा तो खूबसूरत सी लड़की...रेड शूट में DP... और चेहरे पे smile...

वो लड़की ख़ूबसूरत थी यार, बहुत ही ख़ूबसूरत...
इतनी मासूमियत कि आंखों के सामने से वो चेहरा ही ना हटे...
उसकी मुस्कान इतनी प्यारी कि मानो इंद्रधनुष के सात रंग...

वो कहते हैं ना...

मुस्कान भी मुस्कुराती है जब उसके चेहरे पे मुस्कुराती है...

वो चेहरा हज़ारों चेहरों में सबसे अलग दिखता है...
जैसे रात की चांदनी में वो चांद सबसे अलग दिखता है...

कुछ तो बात थी उसमें...

फिर दिल ने सोचा कुछ बात करते हैं...
नई दोस्त है थोड़ी हसीं मजाक करते हैं...

मैंने आखिर पूछ ही लिया...

आप मुंबई से हो...
उसका जवाब - yes

फिर उसका reply आता है

what's your profession

I shoked

मैंने अक्सर देखा है कि लडकियां reply कम देती हैं...
लड़कों के जवाब को ignor अक़्सर कर ही देती हैं...

मगर यहां तो कुछ अलग ही था...

मै बहुत कम फेसबुक पर किसी से बात करता हूं...

लेकिन तुम्हारे बात करने का अंदाज सबसे अलग था...
तुम्हारी बातों पे विश्वास सबसे अलग था...

फिर बातों का सिलसिला भी चालू हो गया...

वैसे हम दोनों तो उस समय अजनबी ही थे...

ना उसे पता कुछ मेरे बारे में...
ना मुझे पता कुछ उस सख्स के बारे में...

वो कहते हैं ना...

कियुं कभी कोई दिल के पास आ जाता है..
कैसे कभी एक अजनबी से
रिश्ता जुड़ जाता है...
रिश्ता भी इतना गहरा कि
वो दिल में बस जाता है...
और वो अजनबी
एक अजनबी से अपना बन जाता है...

मुझे शायरी लिखने का बड़ा सौख है...और उस शायरी पढ़ने का...

कुछ भी लिखूं तो तारीफ भी करती है....
कुछ गलत भी लिखूं तो correction भी करती है...

ज़िन्दगी में बहुत से लोग मिले जो अच्छा करने पे तारीफ तो करते हैं,
लेकिन गलत को गलत कहने पर हिचकिचाते भी हैं...

लेकिन यहां ऐसा कुछ भी नहीं था...

जो भी है सामने बोल देती... अच्छा लगे तो या बुरा लगे तो...
ये आदत भी बहुत कम लोगों में होती है जनाब...
और ये आदत वाकई मुझे बहुत पसंद आयी...

वैसे हम दोनों के विचार भी काफी मिलते-जुलते दिखे...

वो लड़की आज़ाद पंछी की तरह रहना चाहती है....
शादी वादी पर विश्वास ही नहीं था....अजीब लड़की है...

ना कोई बंधन हो ना कोई बंदिश हो...

वो कहते हैं ना...

उड़ चलू मै गगन में बन के सवेरा
अपनी यादों का एक नया जहां बनाने...

जहां कोई भी परिंदा ना हो
वहां एक ऐसा आसमां बनाने...

वहां बस हवा हो, आकाश हो, उजाला हो और रात हो...

जहां सपने भी हो जाएं हकीकत
ऐसा एक कारवां बनाने...

बना जाऊंगी पंछी और आकाश में उड़ जाऊंगी...
जहां कोई भी ना हो अपना, मै इतना दूर निकल जाऊंगी...

समंदर की लहरों से खेलूंगी...
बारिश में झुमूंगी...
पत्तों की तकिया बना के,
मै रातों में सो जाउंगी..

बारिश की बूंदों से, खुद को भिगो जाऊंगी...
हवाओं के झोंके से, अपने बालों को सवारूंगी...
बादल की घटाओं से, अपने आंखों में काजल लगाऊंगी...
में तो एक आज़ाद पंछी हूं, आकाश में उड़ जाऊंगी...

वैसे आज़ादी तो मुझे भी पसंद है और रोकना, टोकना, शादी-वादी इन सब झंझटों में मै पड़ना भी नहीं चाहता...

मै भी अपनी ज़िन्दगी अपने तरीके से जीना चाहता हूं...

उसका प्रोफेशन मेडिकल...और मेरा मीडिया...

मैंने सुना था मुंबई की लड़कियां बड़ी advance होती हैं...
सुना ही क्या देखा भी हूं...
लेट नाइट डिनर करना, पब, दोस्तों के साथ घूमना, मस्ती करना, ये सब होता है...

लेकिन यहां ऐसा कुछ भी ना था...

मैंने पूछ hobbies kya क्या है आपकी....

जवाब आया..

 i love nature, long drive, beaches, adventure, Explore to new city.


वो अपने प्रोफेशन में ही खुश है...

उसको फ़ैमिली, उसके दोस्त उसके लिए बहुत important हैं...
मजाक है कोई कुछ बोल दे
उसका मुंह ही ना तोड़ दे...


ऐसा भी नहीं की वो सीधी है...नटखट भी है, नादान भी है, और शरारती भी...
बस डिपेंड करता है सामने वाले पर कि बंदा कैसा है...



मेरे दिल में कुछ ख्याल आया कि कुछ गिफ्ट देता हूं, पर क्या दूं सोचने में पूरी रात निकाल दिया...

फिर दिमाग में आया कि जो मेरी creativity है, वहीं करता हूं...
फिर क्या ऑफिस से छुट्टी मार दी...

सर तबीयत खराब है मै नहीं आ सकता...

कितना झूठ बोलना पड़ता है यार...

फिर शाम को मैंने वो चीज़ तैयार किया और भेज दी...

सोचता रहा कि अच्छा लगा कि नहीं... बस इसी कशमकश में इंतजार करता रहा....

फिर msg

omg
I can't believe
how I did
when u get time
Ashish seriously I am not believe
how u collect photos all
Ashish I don't know how I react
brilliant yar....

मैं भी तारीफ़ सुन कर फूले ना समा  रहा था...
अगर आप मेहनत करो और तारीफ की दो घूंट मिल जाए, तो दिल को कितना सुकून मिलता है...

बहुत अच्छा लगा मुझे वो बहुत खुश हुई...
स्टेटस भी अपडेट कर दिया मैडम ने...

मैंने अपनी लाइफ की जितनी भी शॉर्ट फिल्म थी, उसे सब बता रक्खी है...
बचपन से लेकर अभी तक की सारे बातें, वो सारे लम्हें जो मेरे यादों में मेरी बातों में अक्सर दखलंदाजी कर ही जाती है...

हर सुबह good morning से ही हमारी बात शुरू होती है...
लेकिन good night का अभी नंबर ही नहीं आया...

हर किसी के लाइफ में gf या bf जरूर होता है...
प्यार का मारा जरूर होता है...
कभी-कभी तो प्यार में देवदास भी बनना पड़ता है...

मै भी बन चुका था कभी... लेकिन अब नहीं...

मैंने उससे पूछ ही लिया....

आपका कोई boy friend है क्या..

जवाब
No
I love family & my frnd ye sab faltu k पंचनामे है

मै भी चुप...

बोल दिया सही है, कियुं पड़ना आखिर ऐसी झंझटों में...
ये फालतू के पंचनामे हैं..

मगर वो लड़की सकारात्मक सोच की है, nigativiti भी उससे कोसो दूर भागती है...

उसे लोगों को motivate करना, उनको सही मार्ग दिखाना, social work....यही उसकी लाइफ है...

एक बात तो कह सकता हूं...


उसकी ज़िन्दगी में मेरी कुछ एहमियत हो या नो हो लेकिन दूर रह कर उसका हमसाया जरूर हूं....

और मै इतना अच्छा तो नहीं, लेकिन वो बहुत अच्छी है...दिल की बहुत सच्ची है....

ऐसे ही वो अपनी ज़िन्दगी जीती रहे... और लोगों के दिलों में रोशनी के दीप जलाती रहे...

कल हम अजनबी थे, और आज हम दोस्त हैं...

बस इतनी सी है कहानी....

Wednesday, 27 March 2019

मेरा दिल...





मेरा दिल है कि कोई जादू की पुड़िया....
आज कल कहीं भी, खो सा जाता है...
जब भी पूछता हूं हाल इसका...
कहता है कुछ नहीं, बस चुप ही रह जाता है...

कोई तो बात है मेरे दिल की...
आज कल कुछ आवारा सा हो रखा है...
पूरी रात जागकर किसी की यादों में, पागल सा हो रखा है...

कौन है जब भी पूछूं इससे, तो घबरा सा जाता है...
कहता है दिल की बात है, फिर क्या थोड़ा शरमा सा जाता है...

वैसे ऐसा हाल इसके साथ तो पहले कभी नहीं हुआ..
ये मेरा दिल भी किसी के लिए इतना पागल होगा, ऐसा तो पहले कभी नहीं हुआ...

कुछ तो बात होगी उस लड़की में...
कोई तो राज होगी उस लड़की में...

अब ये मेरा दिल जाने या वो लड़की..

पर जो भी है...

बड़ी प्यारी होगी वो ख़ूबसूरत सी लड़की...

आशीष गुप्ता....

Saturday, 23 March 2019

खामोशियां...

तुम देखोगे मुझे तो देखते ही रह जाओगे...
है चेहरे पे इतनी खामोशियां
कि सोचते ही रह जाओगे...
मेरी ज़िन्दगी का हर पन्ना
तुम्हे अधूरा ही मिलेगा...
लाख कोशिश कर लोगे तुम
फिर भी मुझे पढ़ ना पाओगे...

Wednesday, 20 March 2019


होली में कुछ प्यार के रंग
और रंगों में गुलाल है...
अरे होली का त्यौहार है 
होली का त्यौहार है..

नीला,पीला, हरा, गुलाबी 
होली में रंग चार है... 
सब लोगों के संग होली खेले
अपनों का त्यौहार है
अपनों का त्योहार है...

खाकर गूझिया 
पी के भंग...
होली खेले तेरे संग 
अरे होली खेले तेरे संग...

ये होली कुछ खास हो रही
रंगो की बौछार हो रही...
सबके चेहरों के रंग तो देखो
अरे खुशियों के ये पल तो देखो....

पिचकारी में रंगों की धार भी आयी..
रंगों की बरसात है आयी...
देखो होली का त्यौहार है आयी
होली का त्यौहार है आयी...

आशीष गुप्ता....

Sunday, 17 March 2019

एक कप चाय...

ये चाय भी कितनी अजीब होती है...

हर समस्याओं का समाधान इनके पास होती है...

सुबह उठकर चाय मिल जाए तो दिमाग फ्रेस...
और ना मिले तो पूरा दिन स्ट्रेस...

दोपहर की चाय, थकान मिटाती है...
तो शाम की चाय, थोड़ा माहौल बनाती है...

दोस्तों के घर जाओ, तो एक कप चाय...
लड़की वाले अगर घर आएं, तो अच्छी वाली चाय...

पड़ोसी अगर घर आएं, तो काली चाय...
उनके घर जाऊं तो, पानी वाली चाय...

अगर गर्लफ्रेंड साथ हो तो, महंगी वाली चाय...
बेस्ट फ्रेंड साथ हो तो, सस्ती वाली चाय...

ये चाय भी ना कितने रिश्ते बनाती है...
और ना जाने कितने रिश्ते बिगाड़ती है...

घर, ऑफिस या स्कूल के बाहर भी, चाय की दुकान होती है...
जहां दुनिया भर की सूचनाएं इनके पास होती है...

अफ़वाह हो या दंगा हो...
बॉस की बुराई हो या किसी से पंगा हो...
फोन घुमाओ सीधे चाय की दुकान पर आ जाओ...

ऑफिस में कदम रखते ही पीते हैं चाय...
थोड़ा सा काम करते हैं तो फिर एक कप चाय...

किसी को पूछकर किसी को भूल जाओ तो ताने मारती है चाय...
किसी के साथ ना जाओ तो नाराज़ होती है चाय...

ये चाय भी बड़ी अजीब है...

आशीष गुप्ता......

आज लिखने का मन नहीं था... लेकिन किसी की याद ने फिर से दस्तक दे दी... सोचा था आज ख़ामोश ही रहूंगा... मगर उनकी यादों ने फिर से एक ग़ज़ल ही लिखवा...